पूर्णिमा के दिन सिंदूर लगाना चाहिए कि नहीं : जाने सिंदूर लगाने का महत्व | Purnima ke din sindoor lagana chahie ki nahin

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Purnima ke din sindoor lagana chahiye ki nahi नमस्कार दोस्तों हिंदू धर्म की धार्मिक प्रतिष्ठानों को मान्य रखते हुए सभी विवाहित महिलाएं सिंदूर लगाती हैं शादीशुदा महिलाएं अपने सुहाग की रक्षा के लिए सिंदूर लगाती हैं.

पूर्णिमा के दिन सिंदूर लगाना चाहिए कि नहीं सुहागन को सिंदूर कैसे लगाना चाहिए मांग में सिंदूर लगाने का सही तरीका purnima ke din kya daan karna chahie

यही उनके विवाहित होने की सबसे बड़ी निशानी होती है ऐसा माना पत्नियां अपने पति की लंबी उम्र के लिए सिंदूर लगाती है जिससे कि उनके जीवन में शांति और समृद्धि का निवास बना रहे लेकिन जाने अनजाने में कभी-कभी कुछ गलतियां हो जाती हैं.

जिसका बुरा प्रभाव उनके जीवन पर पड़ता है सिंदूर लगाने का भी एक तरीका होता है आजकल के फैशन के दौर में कुछ महिलाएं उल्टे सीधे तरीके से सिंदूर लगाती हैं और कुछ महिलाएं तो सिंदूर भी नहीं लगाती हैं जिससे कि उनके जीवन में कई कष्ट आते हैं.


लेकिन उन्हें इस बात का अनुमान नहीं होता है कि उन कष्टों का कारण क्या है शास्त्रों के मुताबिक माना जाए तो सिंदूर लगाने ना लगाने से कई ऐसी घटनाएं घटती हैं जो इससे संबंध रखती है लेकिन आपको बिल्कुल परेशान होने की आवश्यकता नहीं है.

आज हम आपको बताएंगे सिंदूर से संबंधित कुछ विशेष महत्वपूर्ण जानकारियां जिसके बाद आपकी सभी परेशानियां खत्म हो जाएंगी तो आइए जानते हैं कि पूर्णिमा के दिन सिंदूर लगाना चाहिए कि नहीं लगाना चाहिए इन सब तथ्यों के बारे में विस्तार से जानेंगे.

सुहागन को सिंदूर कैसे लगाना चाहिए ? | purnima ke din sindoor lagana chahie ki nahin

जैसा कि हम जानते हैं विवाहित महिला का सिंदूर लगाना अति आवश्यक है विवाहित महिला के सौंदर्य में प्रमुख कारक सिंदूर होता है वह कितनी भी सुंदर और आकर्षक बन जाए लेकिन जब तक उसकी मांग में सिंदूर नहीं भरता है तब तक वह सुंदर नहीं लगती है.

और इसका एक मात्र कारण होता है कि वह अब एक सुहागन स्त्री है जो स्त्री सिंदूर को अपनी बीच की मांग में ना भरता किनारे या अन्य किसी जगह भर्ती है जिससे कि उसका सिंदूर छिप जाता है तो इसे अशुभ माना जाता है इसके कारण उसके पति पर कई संकट आ सकते हैं.

उसके और उसके पति के बीच के संबंध में दरार आ सकती है जिसका अंदाजा उसे नहीं होगा सिंदूर सदैव बीच मांग में ही लगाना चाहिए धार्मिक परंपराओं के अनुसार बीच मांग में विवाहित महिला के सिंदूर लगाने से उसके पति की आयु लंबी हो जाती है.

इस तथ्य का उल्लेख कई धार्मिक शास्त्रों और ग्रंथों में किया गया है और हिंदू धर्म में सिंदूर लगाना अनिवार्य है लेकिन आज के फैशन के दौर में एक दूसरे को देख कर उससे बेहतर बनने के इरादे से कुछ महिलाएं अलग-अलग तरीके से सिंदूर लगाना पसंद करती हैं.

कुछ महिलाएं सिंदूर को बहुत छोटा करके लगाने लगी हैं जैसे कि वह टीका लगा रही हूं लेकिन या अशुभ माना जाता है सिंदूर लगाने का सही तरीका यह है.

कि आप बीच की मांग में उसे लंबाई में अच्छे से भरें इन सब छोटी छोटी बातों से उनकी जिंदगी पर बहुत प्रभाव पड़ता है जिसका अनुमान उन्हें नहीं होता है.

सिंदूर लगाने का महत्व

हिंदू धर्म में विवाहित महिलाओं को मांग में सिंदूर लगाना सौभाग्य का प्रतीक माना जाता है प्राचीन काल से या प्रथा हिंदू धर्म में धार्मिक परंपराओं को मान्य रखती हुई चली आ रही है.

कोई भी महिला इसका उल्लंघन नहीं करती है सिंदूर लगाने का महत्व क्या है इसके बारे में विस्तार से आपको बताने वाले हैं.

  1. सनातन धर्म की स्त्रियों को सिंदूर लगाना अति आवश्यक है.
  2. सिंदूर लगाना धार्मिक परंपराओं और प्रतिष्ठा को बढ़ावा देता है.
  3. ऐसा माना जाता है कि सिंदूर लगाने से पति की उम्र लंबी होती है.
  4. मान्यताओं के अनुसार सिंदूर लगाने से मन में प्रसन्नता बनी रहती है जिससे हमारा स्वास्थ्य ठीक रहता है
  5. हिंदू धर्म में सिंदूर लगाना शुभ माना जाता है जो पति पत्नी के बीच एक मजबूत संबंध बनाने का कार्य करता है.
  6. सिंदूर लगाना किसी महिला के सुहागन होने की स्पष्टता को दर्शाता है.
  7. पौराणिक कथाओं के आधार पर यह माना जाता है कि सिंदूर में पार्वती माता की ऊर्जा विराजमान होती है यदि कोई स्त्री इसका धारण करती है तो उसे पार्वती माता अखंड सौभाग्यवती होने का आशीर्वाद देती हैं.

पूर्णिमा के दिन सिंदूर लगाना चाहिए कि नहीं

सनातन धर्म में सभी महिलाएं पर्व या किसी खास दिन पर अपने सौंदर्य में पति के द्वारा सिंदूर लगवाना पसंद करती हैं आज हम बात करने वाले हैं कि पूर्णिमा के दिन सिंदूर लगाना चाहिए कि नहीं लगाना चाहिए पूर्णिमा की चांदनी रात में कुछ लोग सिंदूर लगाती हैं.

और कुछ महिलाएं सिंदूर नहीं लगाती हैं धार्मिक तथ्य और ग्रंथों में इसका कोई उल्लेख नहीं किया गया है कि पूर्णिमा के दिन सिंदूर लगाना चाहिए या फिर नहीं लगाना चाहिए इसलिए इस तथ्य पर सभी लोग अपने मन मुताबिक कार्य करते हैं.

जिन महिलाओं को पूर्णिमा के दिन अपने सौंदर्य में सिंदूर धारण करना स्वाभाविक लगता है वह ऐसा करती हैं और वहीं पर कुछ लोग इसे बुरा मानती हैं सबके अपने-अपने अलग-अलग विचार हैं और सब लोग अपने अपने विचार के हिसाब से चलते हैं.

दोनों स्थितियों में इसे गलत नहीं कहा जा सकता है क्योंकि धार्मिक परंपराओं के अनुसार इसका कोई विशेष स्पष्टीकरण नहीं दिया गया है लेकिन हिंदू धर्म में विवाहित महिलाओं को सिंदूर लगाना अनिवार्य माना गया है

मांग में सिंदूर लगाने का सही तरीका

आमतौर पर विवाहित महिलाएं रोजाना सिंदूर लगाती हैं लेकिन कुछ महिलाओं को सिंदूर लगाने का सही तरीका नहीं पता होता है जिसके कारण व सिंदूर लगाती हैं लेकिन वह ज्यादा आकर्षक नहीं लगता है सिंदूर लगाने का भी एक ढंग होता है.

यदि आप से सिंदूर फैल जाता है या फिर आप सही से सिंदूर अपनी मांग में नहीं भर पाती हैं तो आपको बिल्कुल परेशान होने की आवश्यकता नहीं है सबसे पहले तो आपको अपने बालों में एक सीधी मांग निकाल देनी है.

टेढ़ी-मेढ़ी मांग होने पर कभी भी आप अच्छे से सिंदूर नहीं लगा सकती हैं इसके लिए आपको एक सीधी मां निकाल लेनी है और फिर उसमें पाउडर सिंदूर आसानी से अपनी उंगलियों को स्थिर रखते हुए लगाना है.

यदि आपकी उंगलियां कप कपाती हैं तो आप वाटर प्रूफ लिक्विड सिंदूर का इस्तेमाल कर सकती हैं जो आपके नजदीकी मार्केट में उपलब्ध होगा इस सिंदूर लगाने से फैलने का ज्यादा चांस नहीं होता है.

और यह स्टाइलिश ही लगता है सिंदूर मांग में अच्छे से भरा होना चाहिए सिंदूर लगाने के लिए छोटी सी क्षण का प्रयोग करें जिससे और भी आकर्षक लगता है.

FAQ : पूर्णिमा के दिन सिंदूर लगाना चाहिए कि नहीं

Q. पति के हाथ से सिंदूर लगाने से क्या होता है?

Ans. भारतीय संस्कृत की मान्यताओं के अनुसार यदि कोई स्त्री अपने पति के हाथ से सिंदूर लगाती है तो यह बहुत शुभ माना जाता है इससे उसके पति और उसकी आयु बढ़ जाती है और दोनों का संबंध मजबूत होता है.

Q. नाक पर सिंदूर गिरने से क्या होता है?

Ans. मांग में सिंदूर भरते समय यदि आपकी नाक पर सिंदूर गिर जाता है तो यह बहुत ही शुभ माना जाता है यदि सिंदूर गिर गया है तो उसे कभी भी पूछना नहीं चाहिए क्योंकि कपड़े हाथ से पूछना अशुभ माना जाता है.

Q. सिंदूर गिरने का मतलब क्या होता है?

Ans. सिंदूर गिरना एक अशोक घटना मानी जाती है या किसी आने वाले संकट का संदेश देती है इसीलिए महिलाएं सिंदूर को बहुत संभाल कर रखती हैं और इसी जमीन पर बिल्कुल गिरने नहीं देती है.

निष्कर्ष | Conclusion

हम आशा करते हैं कि आपने पूर्णिमा के दिन सिंदूर लगाना चाहिए कि नहीं लगाना चाहिए इसके बारे में अच्छे से जान लिया होगा यदि हमारे द्वारा दी गई जानकारी आपको पसंद आई है तो इसे अपने दोस्तों व अन्य जानने वालों के साथ अवश्य शेयर करें.

ताकि उनको भी ऐसी महत्वपूर्ण जानकारी का लाभ यदि से संबंधित आपका कोई अन्य सवाल है तो हमारे कमेंट सेक्शन में पूछ सकते हैं हम जल्द से जल्द आपके सवाल का जवाब देने का प्रयत्न करेंगे.

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