अष्ट सिद्धियां कैसे प्राप्त करे ? अष्ट सिद्धियां कौन सी है ?

Sidhiyo ko kaise prapt kare ? सिद्धि को प्राप्त करेने से पूर्व यह ध्यान देना जरूरी हो जाता है कि किस प्रकार की सिद्धि कर रहे हैं क्योकि सभी सिद्धियं एक साथ नहीं प्राप्त की जा सकती हैं| अतः यह जान लेना अति आवश्यक हो जाता है कि किस सिद्धि को हम प्राप्त करने जा रहे है? सिद्धियां कैसे प्राप्त करे ? Sidhiyo ko prapt akrne ki sadhana kya hai ? 

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प्रत्येक सिद्धि में अलग–अलग तरीके से ही क्षमता में वृद्धि की जाती है| इसके बाद ही सिद्धि के लिए आपको प्रयास करना है| अब देखना यह है की आप कौन सी सिद्धि करना चाहते हैं ? क्योकिसिद्धियाँ तांत्रिक और आध्यात्मिक दो तरह की होती है| हम यहाँ पर ऊपर बताई गयी सिद्दियों के बारे में क्रमशः बताने का प्रयास करेंगें |

सिद्धियों को कैसे प्राप्त करें ? How to get Siddhis?

मानव एक ऐसा प्राणी है जिसमे ईश्वर की दी हुई सभी प्रकार की शक्तियां विराजमान है | इन्हें जाग्रत करने के लिए साधना और तपस्या रुपी जल व् पानी देना पड़ता है | उच्च स्तरीय चरित्र और निष्ठा  व उदार सेवा की सहायता के आलंबन अपनाना पड़ता है |

योगाभ्यास परक साधना और उपासना के सभी क्रिया कलाप , विधि विधान के नियमो का पालन करते हुए मनुष्य अपने व्यक्तित्व को परिष्कृत और उदात्त बना सकता है | इन्ही नियमों के आधार पर ही बड़े-बड़े संत , महात्मा ,महामानव को देवता या अवतारी कहा गया है |

साधना मार्ग में अग्रसर साधको को ही सिद्धियाँ मिलाती हैं , जिनका वर्णन शाश्त्रों में मिलाता है | ये आठ प्रकार की बताई गयी हैं |  इन्हें अष्ट सिद्धियाँ कहा गया है |

साधना मार्ग में प्राप्त होने वाली अष्ट सिद्धियां कौन सी है? What are the eight siddhis to be attained on the path of spiritual practice?

1. आत्म सिद्धि क्या है ? Self-realization

सभी प्रकार की सिद्धियों के लिए आवश्यक हो जाता है कि सबसे पहले आत्म संयम करना होगा |इसके अंतर्गत

  • इन्द्रिय संयम
  • मनोनिग्रह
  • समाधि
  • आत्म –साक्षात्कार
  • तत्व-ज्ञान
  • ईश्वर दर्शन भाव बंधनों से मुक्ति

और संसार की किसी भी भली बुरी परिस्थिति का प्रभाव ग्रहण न करना |

2. विविध सिद्धि क्या है ? Miscellaneous accomplishment

पञ्चतंत्रों पर नियंत्रण उसके द्वारा अभीष्ट वस्तुएं तथा परिस्थितियां उत्पन्न कर सकना , दूसरों के मन में अपनी भावना तथा मान्यता की स्थापना करना ही विविध सिद्धि है |

3. ज्ञान सिद्धि क्या है ? Enlightenment

बुद्धि , तीव्र स्मरण शक्ति , भूतकाल या भविष्य में होने वाली घटनाओं को जान सकना पूर्व जन्मो का वृतांत  सभीके मानो भों को जानना  ही ज्ञान सिद्धि है |

4. तप सिद्धि क्या है ? Tapa Siddhi

इस सिद्धि में कठोर तप करने की शक्ति , भूख प्यास पर नियंत्रण , जल-ठल व् आकाश में विचरण करना समाहित होता है |

5. देव सिद्धि क्या है ? God siddhi 

देवताओं, यक् , गन्धर्व, भूत-प्रेत आदि का सहयोग प्राप्त हो जाता है षटचक्रों और कुंडली का भी जागरण हो जाता है |

6. शरीर सिद्धि क्या है ? Body accomplishment

शरीर सिद्धि में दूसरों के शरीर को छूने मात्र से ही रोगों का नेदं हो जाता है| अपार शारीरिक बल आ जाता है| अदभुत मनोबल, उत्कृष्ट भाषण, शाप-बरदान से दूसरों को नष्ट करना या जीवन देना भी होता  है |

7. क्षेत्र सिद्धि क्या है ? Field accomplishment

इस सिद्धि से थोड़े स्थान में अधिक विस्तृत वस्तुओं को समा सकना,सूक्ष्म शरीर से दुसरे देशों में भ्रमण करना, किसी क्षेत्र विशेष में दुःख-दर्दों को दूर करना शरीरस्थ देवताओं का साक्षात्कार हो जाता है |

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